पाठ योजना

समानता पाठ योजना | समानता लेसन प्लान | Equality lesson plan

समानता पाठ योजना | समानता लेसन प्लान | Equality lesson plan

समानता पाठ योजना

विद्यालय का नाम अ – ब – स विद्यालय

दिनांक 00/00/0000

कक्षा 6

विषय नागरिक शास्त्र

प्रकरण समानता

अवधि 30 मिनट

सामान्य उद्देश्य

  • छात्रों में नागरिक शास्त्र के प्रति रुचि उत्पन्न करना।
  • नागरिक शास्त्र के माध्यम से छात्रों की मानसिक शक्ति का विकास करना।
  • छात्रों में नागरिकता के गुणों एवं वैज्ञानिक दृष्टिकोण का विकास करना।
  • छात्रों में देश प्रेम तथा विश्व बंधुत्व की भावना का विकास करना।
  • छात्रों के वर्तमान राजनीतिक मनोवृत तथा सामाजिक मनोवृत का विकास करना।
  • छात्रों में सामाजिक तथा राष्ट्रीय समस्या का ज्ञान करना।

विशिष्ट उद्देश्य

  • छात्र-छात्राएं समानता को प्रत्यास्मरण कर सकेंगे।
  • छात्र-छात्राएं समानता के प्रकारों का प्रत्याभिज्ञान कर सकेंगे।
  • छात्र-छात्राएं राजनीतिक समानता की व्याख्या कर सकेंगे।
  • छात्र-छात्राएं आर्थिक समानता का विश्लेषण कर सकेंगे।
  • छात्र-छात्राएं सामाजिक तथा कानून समानता में अंतर कर सकेंगे।

शिक्षण सामग्री

चार्ट, चाक, डस्टर, संकेतांक एवं अन्य कक्षा उपयोगी सामग्री।

पूर्व ज्ञान

विद्यार्थी समानता के विषय में सामान्य जानकारी रखते होंगे।

प्रस्तावना के प्रश्न

छात्र अध्यापिका क्रिया विद्यार्थी अनुक्रिया
हमारे देश भारत में कितने तरह के धर्मों के लोग निवास करते हैं? विभिन्न
इन विभिन्न धर्मों के नाम बताएं? हिन्दू, मुसलिम, सिख, ईसाई आदि
इन विभिन्न धर्मों को मौलिक अधिकार के अंतर्गत कौन सा अधिकार बराबरी का हक दिलाता है? समानता का अधिकार

उद्देश्य कथन

आज हम लोग समानता के विषय में अध्ययन करेंगे।

प्रस्तुतीकरण (शिक्षण बिंदु, छात्र अध्यापिका क्रिया, विद्यार्थी अनुक्रिया)

समानता

समानता का यह अर्थ नहीं है कि प्रत्येक के साथ एक जैसा व्यवहार किया जाए बल्किसमानता का सही अर्थ है यह है कि कोई विशेष अधिकार वाला वर्ग ना रहे और सबको उन्नति के व समान अवसर प्राप्त हो। सभी व्यक्ति एक समान नहीं हो सकते,क्योंकि उनमें प्रतिभा अलग-अलग होती है। बुद्धि और विवेक की मात्रा भिन्न होती है। व्यवहारिक दृष्टि से केवल इतना हो सकता है कि राज्य में सभी समान अवसर उपलब्ध हो। वास्तव में मनुष्यों में गुणात्मक दृष्टि से प्रकृति-प्रदत्त समानता होती है।

समानता के प्रकार

  1. प्राकृतिक समानता- प्रकृति ने हम सभी व्यक्ति को समान रूप से पैदा किया है, अतः सभी समान है।
  2. नागरिक समानता- सभी लोगों को नागरिक अधिकार और स्वतंत्रताएं समान रुप से मिलनी चाहिए।कानून की दृष्टि से सभी नागरिक बराबर होने चाहिए। राज्य व समाज द्वारा नागरिकों को जो स्वतंत्रता प्रदान की जाती है वह नागरिक स्वतंत्रता होती है, जैसे धार्मिक, भाषण, प्रेम आदि की स्वतंत्रता।
  3. राजनीतिक समानता- सभी लोगों को धर्म, रंग, जाति, जन्म आदि के आधार पर बिना किसी भेदभाव के समान रूप से राजनीतिक अधिकार मिलना राजनीतिक स्वतंत्रता है।
  4. आर्थिक समानता- सभी को आर्थिक विकास का समान अवसर उपलब्ध कराना आर्थिक समानता है।
  5. कानूनी समानता- सभी कानून की दृष्टि में समान है। किसी के साथ पक्षपात ना हो।
  6. सामाजिक समानता- सामाजिक दृष्टि से सभी व्यक्ति समान है। किसी भी आधार पर व्यक्ति व्यक्ति में अंतर नहीं है।

श्यामपट्ट सारांश

  • समानता का सही अर्थ यह है कि कोई विशेष अधिकार वाला वर्ग ना रहे और सब को उन्नति के समान अवसर प्राप्त हो।
  • समानता के प्रकार-
  1. प्राकृतिक समानता
  2. नागरिक समानता
  3. राजनीतिक समानता
  4. आर्थिक समानता
  5. कानूनी समानता
  6. सामाजिक समानता

निरीक्षण कार्य

छात्र अध्यापिका छात्रों से श्यामपट्ट पर लिखी सामग्री को अपनी उत्तर पुस्तिका में लिखने का निर्देश देगी और निरीक्षण करते हुए उनकी समस्याओं का समाधान करेंगी।

मूल्यांकन के प्रश्न

  1. समानता किसे कहते हैं?
  2. समानता के तीन प्रकारों के नाम बताएं?
  3. राजनीतिक समानता से क्या समझते हैं?
  4. आर्थिक समानता किसे कहते हैं?
  5. सामाजिक समानता तथा कानूनी समानता में क्या अंतर है?

गृह कार्य

राजनीतिक समानता किसे कहते हैं?

पाठ योजनामहत्वपूर्ण लिंक

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Pankaja Singh

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